राष्ट्रीय जनमोर्चा संवाददाता
गौतमबुद्धनगर। कोरोना महामारी के चलते जिले में जहां मरीजों की संख्या बढ़ रही है, वहीं कई अस्पताल अब ऑक्सीजन की कमी से जूझ रहे हैं। यहां के अस्पतालों में रोजाना 60 टन ऑक्सीजन की जरूरत होती है, जबकि पता चला है कि इसका आधा ही ऑक्सीजन मिल रहा है। कैलाश अस्पताल में भी ऑक्सीजन की कमी बताई जा रही है। व्यवस्था बनाए रखने के लिए अस्पताल प्रशासन जहां मरीजों एवं उनके परिजनों से जूझ रहे हैं, वहीं ऑक्सीजन सप्लाई करने वाली कंपनी के साथ भी संपर्क पर संपर्क कर रहे हैं।
उल्लेखनीय हैं कि गौतमबुद्धनगर में 18 से ज्यादा कोविड अस्पताल (Covid Hospital) हैं। सैकड़ों बेड पर ऑक्सीजन की सीधी सप्लाई है। दो घंटे में 60 सिलेंडर खाली हो रहे हैं लेकिन अगला ऑक्सीजन सिलेंडर कब मिलेगा, कुछ पता नहीं होता। दूसरी तरफ जिला प्रशासन और स्वास्थ्य विभाग कुछ अन्य निजी अस्पतालों को भी कोविड केयर बनाने में लगा है। फिलहाल, जिले के सभी अस्पतालों में 1500 से ज्यादा बेड पर ऑक्सीजन की सुविधा मौजूद है लेकिन इन सभी बेडों पर संक्रमित मरीज भर्ती हैं और उन्हें 24 घंटे लगातार ऑक्सीजन की जरूरत है। मंगलवार को सूत्र बता रहे हैं कि पश्चिम उत्तर प्रदेश के सबसे बड़े हॉस्पिटल कैलाश में 3-4 घंटे का ही ऑक्सीजन बचा है, जबकि यहां तमाम मरीजों का इलाज चल रहा है।


Leave a Reply