डॉ रामस्वरूप भटनागर / राष्ट्रीय जनमोर्चा ब्यूरो
सोजत (राजस्थान)। कवि नवनीत राय ‘रुचिर’को जयपुर में आयोजित एक भव्य सम्मान समारोह में ‘पांचवां राष्ट्रीय मुंशी प्रेमचंद साहित्य रत्न सम्मान-2026’ से सम्मानित किया गया है। उन्हें यह प्रतिष्ठित सम्मान उनकी साहित्यिक काव्य रचना ‘सनातन धर्म’के लिए प्रदान किया गया है और साहित्य जगत के लिए यह गौरव का विषय है।
अखिल भारतीय कायस्थ महासभा राजस्थान, जयपुर द्वारा आयोजित जयपुर के सिवाम ऑडिटोरियम, कृषि विज्ञान केंद्र, दुर्गापुरा में समारोह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर सोजत निवासी साहित्यकार नवनीत राय ‘रुचिर’को पुरस्कार स्वरूप रुपये पांच हजार एक सौ एक का नकद पुरस्कार, स्मृति चिह्न, शॉल, दुपट्टा एवं प्रमाण-पत्र भेंट कर सम्मानित किया गया।
अभाकाम संस्था के अध्यक्ष प्रमुख समाजसेवी अजीत सक्सेना के मुख्य आतिथ्य एवं कार्यक्रम संयोजक डॉ. अरुण कुमार सक्सेना की अध्यक्षता में आयोजित भव्य समारोह में आयोजक टीम ने साहित्यकार रुचिर को सम्मानित किया। डॉ सक्सेना के मुताबिक, नवनीत राय ने मुंशी प्रेमचंद साहित्य रत्न प्रतियोगिता-2026 में सहभागिता की थी। चयन समिति ने कविता के क्षेत्र में उनकी रचना ‘सनातन धर्म’को तृतीय श्रेष्ठ साहित्यिक अभिव्यक्ति के रूप में चयनित करते हुए इस प्रतिष्ठित सम्मान के लिए चुना। पुरस्कार प्राप्ति के समय कवि रुचिर के परिवारजन पत्नी वीणा भटनागर, उनकी भाभी श्रीमती रश्मि दीपक भटनागर (सेवानिवृत्त सहायक आयुक्त वाणिज्य), भतीजा डॉ असीम राय (यूएसए अमरीका) का भी संस्था द्वारा बहुमान किया गया। समारोह में देश व प्रदेश के सुप्रसिद्ध साहित्यकारों की उपस्थिति रही।
उल्लेखनीय है कि कवि रुचिर राजस्थान साहित्य अकादमी उदयपुर के शंभुदयाल सक्सेना बाल साहित्य पुरस्कार, राजस्थानी भाषा साहित्य एवं संस्कृति अकादमी बीकानेर के जवाहरलाल नेहरू बाल साहित्य पुरस्कार, राजस्थान सरकार के श्रेष्ठ शिक्षक पुरस्कार सहित कई राष्ट्रीय सम्मान से सम्मानित किए जा चुके हैं। उनकी इस उपलब्धि पर साहित्यिक, सामाजिक एवं पत्रकारिता क्षेत्र से जुड़े लोगों में हर्ष है। उन्होंने बधाई एवं उज्ज्वल साहित्यिक भविष्य की शुभकामनाएं दी हैं।


Leave a Reply